धमतरी में 'नारी शक्ति' शर्मसार: भाजपा नेता मूरारी यदु ने महिला को दी जान से मारने की धमकी, क्या रसूख के आगे झुक जाएगी भाखारा पुलिस?
- moolchand sinha

- 7 hours ago
- 2 min read

धमतरी (भाखारा)। एक तरफ केंद्र और राज्य की सरकारें "बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ" और "महिला सशक्तिकरण" का ढिंढोरा पीटते नहीं थकतीं, वहीं दूसरी ओर छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में एक रसूखदार नेता ने इन नारों की धज्जियां उड़ाकर रख दी हैं। यहाँ नारी शक्ति शर्मसार हुई है, जब सत्ता के नशे में चूर एक जनप्रतिनिधि ने सारी मर्यादाएं लांघ दीं।
मंडाईभाठा में 'नारी शक्ति' शर्मसार: क्या रसूखदार नेता पर होगी कार्रवाई?
आमदी भाजपा मंडल के पूर्व अध्यक्ष और वर्तमान पंच मूरारी यदु पर एक महिला ने अत्यंत गंभीर और शर्मनाक आरोप लगाए हैं। पीड़िता ललिता यादव का आरोप है कि मूरारी यदु ने अपने राजनीतिक रसूख की धौंस दिखाते हुए उसे सरेआम अत्यंत घृणित और अश्लील गालियों से नवाजा।
जब धमतरी में इस तरह नारी शक्ति शर्मसार होती है, तो सवाल सीधा सत्ताधारी दल पर उठता है। क्या भाजपा के मंचों से नारी वंदना करने वाले नेता, जमीन पर महिलाओं को 'गालियों' का उपहार देने के लिए अधिकृत हैं?
सरपंच की मौजूदगी में 'चीरहरण' होती मर्यादा और वायरल वीडियो
घटना के वक्त ग्राम पंचायत के सरपंच चंद्रेश कुमार चाँद और पंच गणेश यदु भी वहां मौजूद थे। वायरल वीडियो गवाह है कि कैसे एक महिला की अस्मिता को गालियों से तार-तार किया जा रहा था और जिम्मेदार प्रतिनिधि तमाशबीन बने रहे। जिस पार्टी के कार्यकर्ता 'नारी शक्ति' को अपनी प्राथमिकता बताते हैं, क्या उनके पूर्व मंडल अध्यक्ष का यह व्यवहार पार्टी की रीति-नीति पर बड़ा प्रश्नचिह्न नहीं लगाता? यहाँ केवल एक महिला का अपमान नहीं हुआ, बल्कि पूरा प्रशासनिक ढांचा और नारी शक्ति शर्मसार हुई है।
सत्ता के रसूख से सहमा पीड़िता का परिवार: "हमें जान का खतरा"
पीड़िता ललिता यादव ने भाखारा पुलिस को दी अपनी शिकायत में साफ कहा है कि आरोपी मूरारी यदु जान से मारने की धमकी दे रहा है।
"एक तरफ महिला सशक्तिकरण की बातें होती हैं और दूसरी तरफ सत्ताधारी रसूख का इस्तेमाल कर हमें डराया-धमकाया जा रहा है। आज मेरा पूरा परिवार डर के कारण घर में दुबका हुआ है।" — ललिता यादव (शिकायतकर्ता)
क्या भाखारा पुलिस दिखा पाएगी निष्पक्षता?
वीडियो साक्ष्य के रूप में सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल चुका है। अब पुलिस प्रशासन के सामने चुनौती है कि वह सत्ता के गलियारों से आने वाले दबाव को दरकिनार कर एक असहाय महिला को न्याय दिलाए। क्या आरोपी के विरुद्ध FIR दर्ज होगी? या फिर 'बेटी बचाओ' का नारा महज विज्ञापनों तक ही सीमित रह जाएगा? धमतरी की जनता देख रही है कि आखिर कब तक नारी शक्ति शर्मसार होती रहेगी।
बड़ा सवाल: मौन क्यों है भाजपा संगठन?
क्या भाजपा संगठन अपने इस पूर्व मंडल अध्यक्ष के 'अश्लील कृत्य' पर मौन साधे रखेगा या महिला सम्मान की रक्षा के लिए कोई कड़ा कदम उठाएगा? यह मामला अब केवल एक गांव का नहीं, बल्कि प्रदेश की राजनीति और महिला सुरक्षा की साख का बन गया है।



Comments