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पीएम श्री सेजेस कुरुद ने जिला स्तरीय युवा संसद प्रतियोगिता में मारी बाज़ी — कुरुद के युवा बने लोकतंत्र की गूंजती आवाज़!



कुरूद।


“जब युवा बोलते हैं, तो संसद भी सुनती है!” — यह पंक्ति सजीव हो उठी जब पीएम श्री सेजेस कुरुद के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों ने जिला स्तरीय युवा संसद प्रतियोगिता 2025 में अपने प्रखर तर्क, सटीक विश्लेषण और अद्भुत नेतृत्व क्षमता से प्रथम स्थान प्राप्त कर कुरुद का नाम रोशन किया।


यह प्रतियोगिता हाल ही में हरदिहा साहू समाज भवन, रत्नाबांधा (धमतरी) में आयोजित हुई थी, जिसका संचालन भारत सरकार के संसदीय कार्य मंत्रालय द्वारा किया गया।

जिले के चार विकासखंड — धमतरी, नगरी, मगरलोड और कुरुद — की टीमों के बीच जबरदस्त मुकाबला देखने को मिला। इस प्रतिस्पर्धा में कुरुद की टीम ने अपनी स्पष्टवादिता, तर्कशक्ति और जनभावना से निर्णायक मंडल को प्रभावित किया और जिला स्तर पर जीत हासिल की।



संसद में गूंजे युवाओं के सवाल — मुद्दे राष्ट्रहित के, दृष्टिकोण प्रभावशाली!


कार्यक्रम का केंद्रबिंदु रहा — युवाओं की राष्ट्रहित के मुद्दों पर संवेदनशील और तार्किक अभिव्यक्ति।

विद्यार्थियों ने महंगाई, बेरोजगारी, शिक्षा सुधार, आतंकवाद, स्वास्थ्य और सुरक्षा जैसे अहम विषयों पर सशक्त बहस की।


शिवांश गुरु ने पहलगाम आतंकी हमले पर सवाल उठाते हुए कहा — “जब सीमाओं पर हमारे जवान बलिदान दे रहे हैं, तो आंतरिक सुरक्षा पर हमारी नीतियाँ कितनी प्रभावी हैं?”

उनका यह प्रश्न पूरे सदन में गूंज उठा और बहस का नया दौर शुरू हो गया।




विपक्ष की ओर से गोविंद नित्यानंद झा ने ध्यानाकर्षण प्रस्ताव रखते हुए कहा — “राष्ट्रीय सुरक्षा और नागरिक स्वतंत्रता के बीच संतुलन आवश्यक है, अन्यथा लोकतंत्र कठोर कानूनों के बोझ तले दब जाएगा।”

उन्होंने यूएपीए (UAPA) एक्ट पर गहराई से चर्चा करते हुए कहा — “कानून का उद्देश्य आतंकवाद से लड़ना होना चाहिए, न कि आम नागरिकों की आवाज़ को दबाना।”

उनकी इस बात पर पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी लेकिन सारगर्भित बहस छिड़ी।




गृह मंत्री की भूमिका में गौरव साहू ने संयमपूर्वक जवाब दिया —“हम आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम कर रहे हैं। कानून सख्त है, लेकिन न्याय भी उतना ही पारदर्शी।”

उनका यह वक्तव्य दर्शकों की तालियों के बीच गूंज उठा।





🏆 विजेता और सम्मानित प्रतिभागी


प्रीति प्रजापति — सर्वश्रेष्ठ स्पीकर


सुप्रिया देवांगन — सर्वश्रेष्ठ मंत्री


गौरव साहू — सर्वश्रेष्ठ वक्ता (पक्ष)


गोविंद नित्यानंद झा — सर्वश्रेष्ठ वक्ता (विपक्ष)



कार्यक्रम के समापन पर जिला नोडल अधिकारी द्वारा विजेता टीम को ट्रॉफी एवं प्रमाणपत्र प्रदान किए गए।


विद्यालय के प्राचार्य श्री मनेश कुमार सिंह, मीना गुप्ता और राजेश पांडेय ने विद्यार्थियों को बधाई देते हुए कहा — “हमारे विद्यार्थियों ने संसदीय परंपरा को जीवंत कर दिखाया है। यह जीत न केवल विद्यालय बल्कि पूरे कुरुद के लिए गौरव का क्षण है।”




मार्गदर्शक शिक्षकों की भूमिका सराहनीय


राम प्रकाश यादव, मेनका साहू, जागृति यादव, कौशल गोस्वामी, पॉपी सिंह, तोमेश साहू, हितेश कंवर, वी. पद्मावती एवं विकास छाबड़ा ने कहा —“यह सफलता विद्यार्थियों की मेहनत, अनुशासन और एकता का प्रतिफल है।”



अब अगला पड़ाव — संभाग स्तरीय युवा संसद!


अब पीएम श्री सेजेस कुरुद की विजेता टीम संभाग स्तरीय युवा संसद प्रतियोगिता में जिले का प्रतिनिधित्व करेगी।

पूरा जिला उम्मीद लगाए है कि ये युवा फिर से अपनी तेज़ सोच, तार्किक दृष्टिकोण और प्रभावशाली वाणी से लोकतंत्र की असली ताकत को उजागर करेंगे।


✨ कुरुद के युवाओं ने साबित किया — संसद केवल नेताओं की नहीं, बल्कि जागरूक और जिम्मेदार युवाओं की भी आवाज़ है! ✨

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